आर्यसमाज के द्वारा श्रीमद्भागवतादि पुराणों में वर्णित नन्दनन्दन व्रजस्थ/गोकुलस्थ गोप-गोपीवृन्द के साथ रमण करने वाले श्रीश्यामसुन्दर कृष्ण के ऊपर किये गए आक्षेपो का आमूलचूल ध्वंस ।

  आर्यसमाज के द्वारा श्रीमद्भागवतादि पुराणों में वर्णित नन्दनन्दन व्रजस्थ/गोकुलस्थ गोप-गोपीवृन्द के साथ रमण करने वाले श्रीश्यामसुन्दर कृष्ण के ऊपर किये गए आक्षेपो का आमूलचूल ध्वंस । (This article was, originally, published in BRVF’s WhatsApp groups around 19th of June 2016 AD. But, due to plagiarism, it is being published here to show its true… Read More